तिलस्मी नगरी कोलकाता में स्वतंत्रता संग्राम से जुड़ा सामाजिक संगठन चिटगांव परिषद, केंद्रीय समिति का 67वां केंद्रीय सम्मेलन एवं मिलन मेला भव्य रूप से संपन्न हुआ। 1 फरवरी, रविवार को विजयगढ़ विद्यापीठ परिसर में आयोजित इस कार्यक्रम की अध्यक्षता संगठन के कार्यकारी अध्यक्ष पीयूष कांती सेन ने की। कार्यक्रम का सफल संचालन प्रदीप कुमार सेन, राजीव सरकार, अंतिका दत्त और संगीता नंदी ने किया।
दिनभर चले इस कार्यक्रम की शुरुआत पुष्पांजलि एवं माल्यार्पण के माध्यम से शहीद वेदी पर श्रद्धांजलि अर्पित कर की गई। इसके बाद ऋषि बंकिमचंद्र चट्टोपाध्याय के ‘वंदे मातरम्’ के सामूहिक गान के साथ राष्ट्रीय ध्वज फहराया गया। तत्पश्चात मुक्तिर मंदिर सोपान तले संगीत के साथ परिषद का ध्वज उत्तोलन किया गया। इसके बाद विद्यालय के सभागार में मुख्य कार्यक्रम आयोजित हुआ।
संपूर्ण दिन सम्मान समारोह, अभिनंदन, मेधावी विद्यार्थियों को पुरस्कार वितरण तथा संगीत, कविता, नृत्य और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से सराबोर रहा। सुर-ताल और छंदों की मधुर प्रस्तुति ने पूरे सम्मेलन को आनंदमय बना दिया। राज्य के विभिन्न क्षेत्रों से आए चिटगांव परिषद की अलग-अलग शाखाओं के सदस्यों की उपस्थिति विशेष रूप से उल्लेखनीय रही।
विशिष्ट अतिथियों में शिक्षाव्रती प्राचार्य डॉ. सुबीर नाग, प्रदीप भद्र, कवि जयदीप चट्टोपाध्याय तथा कोलकाता नगर निगम के 96 नंबर वार्ड की पार्षद बसुंधरा गोस्वामी सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। पूरे कार्यक्रम का कुशल नेतृत्व संगठन के महासचिव संजय चौधुरी ने किया। अन्य पदाधिकारियों में उत्सव समिति के मुख्य संयोजक सुनील सरकार, आशुतोष दास, निर्वाण दास, प्रदीप दत्त, सुजीत भौमिक आदि शामिल थे। मंच संचालन में शेफाली सिन्हा, मनीदीपा सरकार, जली घोष और सोमा सेन ने सहयोग किया।
कुल मिलाकर इस आयोजन में कोलकातावासियों ने एक “मिनी चिटगांव” का अनुभव किया।

