विश्व पर्यावरण दिवस 2026 के अवसर पर दक्षिण कोलकाता के महत्वपूर्ण पर्यावरणीय धरोहर और शहर के ‘नेशनल लेक’ के रूप में प्रसिद्ध रवीन्द्र सरोवर में एक विशेष पुष्प एवं फलदार वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। पर्यावरण-समर्थक पहल ‘किषाण्का’ की ओर से, इसकी संस्थापक श्रेष्ठा गांगोपाध्याय के नेतृत्व में तथा Kolkata Metropolitan Development Authority (केएमडीए) के सहयोग से इस कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया।
हर वर्ष 5 जून को विश्वभर में विश्व पर्यावरण दिवस मनाया जाता है। इस वर्ष का वैश्विक विषय था “Inspired by Nature. For Climate. For Our Future”। United Nations Environment Programme के नेतृत्व में चलाए जा रहे वैश्विक अभियान #NowForClimate के माध्यम से जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता पर विशेष बल दिया गया है।
लगभग 73 एकड़ हरित क्षेत्र में फैला Rabindra Sarobar कोलकाता का ‘फेफड़ा’ माना जाता है। यह केवल एक महत्वपूर्ण जलाशय ही नहीं, बल्कि प्रवासी पक्षियों, देशी वृक्षों और जलीय जीवों का प्राकृतिक आवास होने के कारण समृद्ध जैव-विविधता का केंद्र भी है। प्रकृति प्रेमियों, पर्यावरण कार्यकर्ताओं, प्रातः भ्रमणकारियों और स्थानीय नागरिकों के लिए यह लंबे समय से पर्यावरण संरक्षण गतिविधियों का प्रमुख केंद्र रहा है।
‘किषाण्का’ द्वारा आयोजित इस वृक्षारोपण अभियान का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण पुनर्स्थापन, हरित आवरण का विस्तार तथा नागरिकों को टिकाऊ भविष्य के निर्माण में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित करना था। कार्यक्रम के अंतर्गत सरोवर के आसपास विभिन्न प्रकार के फूलों और फलदार पौधों का रोपण किया गया, जो न केवल जैव-विविधता को बढ़ावा देंगे बल्कि पर्यावरण जागरूकता को भी मजबूत करेंगे।
इस अवसर पर प्रमुख अतिथि के रूप में Swapan Dasgupta उपस्थित रहे। उनकी उपस्थिति ने पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास के लिए सामूहिक प्रयासों के महत्व को और अधिक रेखांकित किया।
इस पहल के प्रेरणास्रोत S. M. Ghosh भी रहे, जिनके निरंतर प्रयास रवीन्द्र सरोवर क्षेत्र में पर्यावरण संरक्षण और जनसहभागिता को बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
विश्व पर्यावरण दिवस पर आयोजित यह वृक्षारोपण अभियान एक बार फिर यह संदेश देता है कि प्रकृति संरक्षण और जलवायु परिवर्तन के विरुद्ध संघर्ष की शुरुआत स्थानीय स्तर पर सामूहिक प्रयासों से ही होती है। वर्ष 1973 में विश्व पर्यावरण दिवस का पहला विषय “Only One Earth” था, और रवीन्द्र सरोवर आज भी उस अमर संदेश का जीवंत प्रतीक बनकर कोलकाता के हृदय में खड़ा है।
संभावित शीर्षक
- विश्व पर्यावरण दिवस पर रवीन्द्र सरोवर में ‘किषाण्का’ का हरित अभियान
- रवीन्द्र सरोवर में फूल और फलदार पौधों का रोपण, पर्यावरण संरक्षण का संदेश
- पर्यावरण बचाने की सामूहिक पहल: विश्व पर्यावरण दिवस पर वृक्षारोपण कार्यक्रम
- कोलकाता के ‘फेफड़े’ रवीन्द्र सरोवर में हरियाली बढ़ाने का संकल्प
- जलवायु जागरूकता की दिशा में नया कदम, रवीन्द्र सरोवर में ‘किषाण्का’ का वृक्षारोपण अभियान

