पश्चिम बंगाल की माननीय मुख्यमंत्री द्वारा प्रेरित ‘स्वच्छता से स्वागत’ अभियान के समर्थन में श्री 1008 मुनिसुव्रतनाथ दिगंबर जैन ट्रस्ट ने मंगलवार सुबह एक विशेष स्वच्छता अभियान का आयोजन किया। इस पहल का उद्देश्य स्वच्छता के प्रति जनजागरूकता बढ़ाना, सामाजिक उत्तरदायित्व को मजबूत करना तथा सामुदायिक सहभागिता को प्रोत्साहित करना था।
इस अभियान में ट्रस्ट के पदाधिकारियों, समाज के प्रतिष्ठित सदस्यों, महिलाओं, युवाओं, वरिष्ठ नागरिकों तथा स्थानीय निवासियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। सभी प्रतिभागियों ने मिलकर स्वच्छ और सुंदर वातावरण के निर्माण का संदेश दिया।
अभियान का नेतृत्व ट्रस्ट के अध्यक्ष श्री विनोद कुमार जैन (काला), उपाध्यक्ष श्री महेंद्र कुमार जैन पंड्या, सचिव सीए कमल नयन जैन, संयोजक श्री सुरेश पाटनी तथा अन्य ट्रस्टियों ने किया। इस दौरान सड़कों, गलियों, फुटपाथों और सार्वजनिक स्थलों की व्यापक सफाई की गई। साथ ही यह संदेश दिया गया कि स्वच्छता केवल सरकार की नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की साझा जिम्मेदारी है।
इस अवसर पर ट्रस्ट अध्यक्ष श्री विनोद कुमार जैन (काला) ने कहा, “मुख्यमंत्री का ‘स्वच्छता से स्वागत’ अभियान समाज को सकारात्मक दिशा प्रदान करने वाली प्रेरणादायक पहल है। स्वच्छता एक जागरूक और प्रगतिशील समाज की पहचान है तथा जनभागीदारी के बिना कोई भी स्वच्छता अभियान पूर्ण सफलता प्राप्त नहीं कर सकता।”
ट्रस्ट के उपाध्यक्ष श्री महेंद्र कुमार जैन पंड्या ने मीडिया से बातचीत में कहा कि स्वच्छता केवल वातावरण को साफ रखने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह हमारे संस्कारों, अनुशासन और सामाजिक चेतना का भी प्रतीक है। उन्होंने नागरिकों से सार्वजनिक स्थलों को अपने घरों की तरह स्वच्छ रखने और स्वच्छता को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का आह्वान किया।
ट्रस्ट सचिव सीए कमल नयन जैन ने कहा कि स्वच्छता एक स्वस्थ और विकसित समाज की आधारशिला है। उन्होंने बताया कि ‘स्वच्छता से स्वागत’ अभियान का उद्देश्य केवल सफाई करना नहीं, बल्कि नागरिकों में स्थायी जागरूकता और जिम्मेदारी की भावना विकसित करना भी है।
अभियान में ट्रस्टियों के परिवारों, जैन समाज के सदस्यों, महिलाओं, युवाओं और स्थानीय नागरिकों की उल्लेखनीय भागीदारी देखने को मिली। सभी ने श्रमदान और सामूहिक प्रयास के माध्यम से यह साबित किया कि जब समाज एकजुट होकर कार्य करता है, तब सकारात्मक परिवर्तन संभव हो जाता है।
कार्यक्रम के समापन पर सभी उपस्थित लोगों ने सामूहिक रूप से यह संकल्प लिया—
“हम न स्वयं गंदगी फैलाएंगे और न ही दूसरों को फैलाने देंगे।”
“हम स्वच्छता को अपनी दैनिक आदत बनाएंगे और दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करेंगे।”
अंत में ट्रस्ट ने इस अभियान को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी नागरिकों, स्वयंसेवकों, स्थानीय निवासियों और समाज के सदस्यों के प्रति आभार व्यक्त किया। साथ ही भविष्य में भी ऐसे जनकल्याणकारी और सामाजिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।

